रायपुर रक्षा विहार में युवक की मौत से फैली सनसनी
धड़ से अलग हुआ हाथ, ज्यादा खून बहने से मौत
हत्या या हादसे में उलझी इफ्तिखार की मौत की सच्चाई, तीन गिरफ्तार
हत्या का नहीं मिला मोटिव, संदिग्ध परिस्थितियों में मौत की जांच

देहरादून— रायपुर थाना क्षेत्र के रक्षा विहार में शुक्रवार देर रात इफ्तिखार नाम के युवक की मौत के बाद क्षेत्र में सनसनी फैल गई। दिन भर हत्या या हादसे में पुलिस की जांच उलझी रही। घटना के दौरान हाथ धड़ से अलग हो गया था। वहीं ज्यादा खून बहना भी मौत की वजह मानी जा रही है। परिजनों की शिकायत पर हत्या का मुकदमा दर्ज किया गया। वहीं, तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर कार्रवाई की गई। पोस्टमार्टम कराने के साथ ही पुलिस हर पहलू पर जांच में जुटी है, वहीं, एक्सपर्ट्स और फोरेंसिक जांच रिपोर्ट का पुलिस को इंतजार है।जांच इस बात की जा रही है कि क्या वाकई में कांच लगने से घटना हुई या फिर इसके पीछे कुछ और सच्चाई है।
रायपुर थाना पुलिस ने बताया कि इस मामले में रक्षा विहार के रहने वाले आरीश, अनस और जावेद को गिरफ्तार किया गया है। आरोपियों सहित अन्य से पूछताछ कर आगे की कार्रवाई की जा रही है। बताया कि हर पहलू पर जांच की जा रही है। घटनाक्रम के मुताबिक शुक्रवार रात इफ्तिखार की मौत की सूचना पुलिस को मिली। पुलिस मौके पर पहुंची तो पता चला कि इफ्तिखार निवासी रक्षा विहार इन्द्रा मार्केट में दुकान चलाता है। हर रोज की तरह अपने भाई के साथ दुकान बंद करने के बाद घर पहुंचा। खाना खाने के बाद अपने दोस्तों के पास घर के पास ही बने एक गोदाम में गया। इसके बाद रात करीब 12.30 पुलिस को सूचना मिली थी कि एक व्यक्ति कांच से चोटिल हुआ है। साथी उसे इन्द्रेश अस्पताल ले गए जहां उसकी मृत्यु हो गई है। घटना की गंभीरता को देखते हुए एसएसपी प्रमेंद्र डोभाल, एसपी ग्रामीण जया बलोनी, ने घटनास्थल का निरीक्षण किया। मौके पर एफएसएल की टीम को बुलाकर घटनास्थल की फोटोग्राफी वीडियोग्राफी कराते हुए वैज्ञानिक साक्ष्य एकत्रित किये गए।
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दूध पीने के बाद जोर आजमाइश के दौरान लगा शीशा-
पुलिस के मुताबिक घटना के प्रारंभिक जांच और पूछताछ में बताया गया कि इफ्तिखार (मृतक) और अनस आपस में दोस्त थे। शाम के समय अनस के आफिस में एक साथ बैठे थे। इस दौरान उन दोनों में दूध पीने को लेकर शर्त लगी। दोनों ने एक-एक किलो दूध पिया। आपस में जोर आजमाइश करने लगे। आपसी जोर आजमाइश में धक्का लगने से इफ्तिखार (मृतक) कांच के दरवाजे पर गिर गया। दरवाजे के शीशा टूट कर उसके दाहिने हाथ की बगल में घुस गया। जिससे अत्यधिक खून निकलने के कारण अनस और अन्य साथियों ने इन्द्रेश हॉस्पिटल पहुंचाया। जहां उपचार के दौरान इफ्तिखार की मौत हो गई। बताया कि घटना के सभी पहलुओं की जांच की जा रही है। आसपास के क्षेत्र में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेजों को खंगाला गया है। इफ्तिखार (मृतक) के परिजनों की ओर से दी गई तहरीर पर मुकदमा दर्ज किया है। घटना के शामिल 03 नामजद अभियुक्तों को गिरफ्तार किया गया।
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सबूत मिटाने के लिए साफ कर दिया था खून–
इफ्तिखार के बड़े भाई इंतजार आलम ने बताया कि जब परिवार घटनास्थल गोगाम में पहुंचे तो वहां का खून साफ किया जा चुका था। आरोप है कि साक्ष्य मिटाने के लिए हर संभव कोशिश की गई थी। घटनास्थल पर शीशे और अन्य सामान भी हटा दिए गए थे। भाई ने यह भी आरोप लगाया कि गोदाम में पहले भी विवाद और आपराधिक गतिविधियों को लेकर शिकायतें सामने आती रही हैं। लेकिन कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई। बताया कि घटना के समय गोदाम में कई युवक मौजूद थे। परिवार को फिलहाल अनस, आरिश और जावेद समेत तीन युवकों के नाम पता है। पुलिस ने मृतक के भाई की शिकायत के आधार पर अनस, आरिश और जावेद के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई की है।
— बिल्डिंग सील करके साक्ष्य जुटाए–
रात के समय हुई इस घटना की सूचना मिलने के बाद रायपुर पुलिस मौके पर पहुंची थी। घटनास्थल को सुरक्षित कराया गया था। जिस बिल्डिंग में वारदात हुई, उसे सील कर दिया है। बताया गया है कि इस गोदाम में युवक अकसर हुक्का पीने के साथ ही अन्य गतिविधियां भी करत है। फोरेंसिक साइंस लैब और फील्ड यूनिट की टीम भी मौके पर पहुंची और साक्ष्य जुटाए। खबर लिखे जाने तक घटना का मोटिव साफ नहीं हो पाया था। आरोपियों ने पुलिस को बताया कि घटना के बाद वह डर गए थे। इसलिए परिजनों को जानकारी नहीं दी थी।
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मां बोलीं- बेटे को जिस तरह मारा, उसी तरह इंसाफ चाहिए
इफ्तिखार की मौत से परिवार में दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। घर वालों का रो रो कर बुरा हाल है। मां बहने आंसू नहीं रोक पा रही। मां ने आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। उनका कहना है कि जब तक बेटे को न्याय नहीं मिलता, परिवार चैन से नहीं बैठेगा। परिजनों ने आरोप लगाया कि युवक के शरीर से अत्यधिक खून बह गया था और समय रहते सही उपचार नहीं मिल सका। मृतक की बहन तरन्नुम ने बताया कि इफ्तिखार उससे करीब तीन साल छोटा था। रात में वह खाना खाने के बाद थोड़ी देर में लौटने की बात कहकर दोस्तों के पास गया था। कुछ देर बाद घायल होने की सूचना मिली। परिवार का आरोप है कि उसे अस्पताल ले जाने वाले युवकों ने भी घटना की वास्तविक जानकारी तत्काल नहीं दी। परिजनों ने पुलिस से मांग की है कि घटनास्थल पर मौजूद सभी युवकों की भूमिका की जांच की जाए, सीसीटीवी फुटेज सुरक्षित कराई जाए और जिस स्थान पर वारदात हुई, वहां पहले हुई घटनाओं की भी पड़ताल की जाए।
